आरती माँ पार्वती जी की

Spread the love
  • 827
    Shares

Last updated on December 13th, 2017 at 03:10 pm

 वन्दना 

सर्व मंगल मांगलेय शिवे सर्वार्थ साधिके ,

शरण्ये त्र्यम्बके गौरी नारायणी नमोस्तुते ,

 शरणागत दीनार्त परित्राण परायने ,

शरण्ये त्र्यम्बके गौरी नारायणी नमोस्तुते |

     आरती पार्वतीजी की

जय पार्वती माता जय पार्वती माता ,

ब्रह्म सनातन दाता शुभ फल की दाता | जय ..

अरिकुल पद्दम विनासिन निज सेवक त्राता ,

जग जननी जगदम्ब हरिहर गुण गाता | जय ..

सिंह को वाहन साजे कुण्डल हैं साथा ,

देव वधु जही गावत नृत्य करत ताथा | जय ..

सतयुग रुपशील अति सुन्दर नाम सती कहलाता ,

हेमाचल घर जन्मी सखियन संगराता | जय ..

 शुभ – निशुभ विदारे हेमाचल स्थाता ,

सहस्त्र भुजा तनु धरिके चक्र लियो हाथा | जय ..

सष्टि रूप तू ही हैं जननी शिव रंग राता ,

नंदी भृगी बीन लही सारा जग मदमाता | जय ..

दैवन अरजी कीनी हम मन चित्त लाता .

गावत दे दे ताली मन में रंग आता | जय ..

श्री प्रताप आरती मैया की जों कोई गाता ,

सदा सुखी निज रहता सुख़ सम्पति पाता | जय ..