Tag: जय जय श्री राम

आरती बजरंग बलि [ हनुमान जी ] की | Aarti Bajrang Bali Ji Ki

  यत्र तत्र रघुनाथकीर्तनं तत्र तत्र कृतमस्त कान्ज्जलिम | वाष्पवारीपरिपूर्णलोचनं मारुतिंनमत राक्षसान्तकम ||      आरती         बजरंग बली आरती कीजै हनुमान लला की | दुष्ट दलन रघुनाथ कला की | जाके बल से गिरिवर कांपै | रोग – दौष जाके निकट न झांके || अंजनी     पुत्र       महा    बलदाई  […]

मंगलवार व्रत की कथा , मंगलवार व्रत पूजन विधि || tuesday vrat ki kahani | vrat pujan vidhi

  मंगलवार व्रत की कथा ||tuesday vrat ki kahani एक ब्राह्मण दम्पति के कोई सन्तान नहीं थी | इसलिए पति पत्नी दोनों बहुत दुखी रहते थे | पति भगवान बजरंग बलि की शरण में चला गया | बजरंग बलि की पूजा अर्चना करते हुए पुत्र प्राप्ति की कामना करता था | उसकी पत्नी भी पुत्र […]

श्री बंजरंग बाण | Shree Bajrang Baan

बंजरंग बाण  || दोहा || निश्चय प्रेम प्रतीति ते, विनय करैं सनमान। तेहि के कारज सकल शुभ , सिद्ध करैं हनुमान॥ चौपाई जय हनुमन्त सन्त हितकारी। सुन लीजै प्रभु अरज हमारी।। जन के काज विलम्ब न कीजै। आतुर दौरि महासुख दीजै।। जैसे कूदि सिन्धु महि पारा। सुरसा बदन पैठि विस्तारा।। आगे जाई लंकिनी रोका। मारेहु […]

श्री रामचरित मानस प्रथम सोपान बालकाण्ड [ भाग – 3 ] | Shree Ramcharit Manas Prathm Sopan Balkand Bhag -3 ]

।।श्री गणेशाय नमः ।। श्रीजानकीवल्लभो विजयते         श्री रामचरित मानस प्रथम सोपान बालकाण्ड – भाग  – 3 यह श्री रामचरितमानस पुण्यरूप , पापों का हरण करने वाला , सदा कल्याणकारी , विज्ञानं और भक्ति को देने वाला , माया मोह और मल का नाश करने वाला , परम निर्मल प्रेम रूपी जल से परिपूर्ण तथा […]

सीताराम सीताराम सीताराम कहिये | Sitaram Sitaram ,Sitaram kahiye |

|| सीताराम सीताराम सीताराम कहिये || सीताराम सीताराम सीताराम कहिये | जाही विधि राखे राम , ताहि विधि रहिये || मुख में हो राम नाम , राम सेवा हाथ में | तू अकेला नाही प्यारे राम तेरे साथ में || विधि का विधान जान हानि लाभ सहिये | जाही विधि राखे राम , ताहि विधि […]

Ek Shloki Ramayana | एक श्लोकी रामायण – हिंदी भावार्थ सहित

एक श्लोकी रामायण – इन चार पक्तियों में समाया हुआ हैं सम्पूर्ण रामायण का सार | धर्म शास्त्रों के अनुसार रामायण का पाठ करने से पूण्य मिलता हैं और पापो का नाश होता हैं | एकश्लोकी रामायण का विधि पूर्वक नित्य पाठ करने से सम्पूर्ण रामायण पाठ के समान फल प्राप्त होता हैं | स्वयं […]

संकटमोचन हनुमानाष्टक Sankatmochan Hanumanashtak

संकटमोचन हनुमानाष्टक में वीर बजरंग बलि की महिमा का वर्णन किया गया है | बाल्यकाल से ही मेरे प्रभु ने बहुत चमत्कार किये हैं | उन्होंने सूर्य को लाल फल समझ कर खा लिया था पुरे जग में अँधेरा छाँ गया था ,  सभी देवताओने हनुमान जी से प्रार्थना करी की सूर्य को छोड़ दे […]

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